Thursday, December 8, 2022
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Order For Investigation Of Private Schools Running Without Recognition – बिना मान्यता के संचालित प्राइवेट प्ले स्कूलों, प्री प्राइमरी से लेकर आठवीं तक के स्कूलों की जांच के आदेश

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विभाग की अनुमति के बगैर जिलेभर में संचालित प्राइवेट प्री स्कूलों, प्री प्राइमरी से लेकर कक्षा आठ तक के सभी निजी स्कूलों की जांच के आदेश दिए गए हैं। अधिकारी . मुकुल कुमार सती ने सभी बीईओ से उनके क्षेत्रों में चल रहे स्कूलों की जांच के साथ सूची तलब की है।
मुख्य शिक्षा अधिकारी ने कहा कि बिना मान्यता के संचालित स्कूलों के प्रबंधकों, व्यवस्थापकों और प्रधानाचार्यों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बताया कि निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा के अधिकार अधिनियम-2009 और नियमावली 2011 के तहत किसी भी स्कूल का संचालन मान्यता प्रमाणपत्र लेने के बाद ही किया जा सकता है। सरकार ने 27 जून 2013 को मान्यता प्राप्त करने के लिए स्कूलों की श्रेणी भी निर्धारित कर दी थी।
बावजूद जिले में कई प्राइवेट प्ले स्कूल, प्री प्राइमरी और आठवीं तक के स्कूल बिना मान्यता के संचालित हैं। स्कूलों को चिह्नित करने के साथ ही कार्रवाई के आदेश जारी किए गए हैं। शिक्षा अधिकारी ने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को स्कूलों में प्रवेश दिलाते समय सुनिश्चित करें कि स्कूल शिक्षा विभाग से मान्यता प्राप्त है या नहीं। स्कूल की ओर से मान्यता नहीं ली गई, तो किसी भी सूरत में बच्चों का प्रवेश ऐसे स्कूलों में न कराएं।

शिक्षा विभाग की अनुमति के बगैर जिलेभर में संचालित प्राइवेट प्री स्कूलों, प्री प्राइमरी से लेकर कक्षा आठ तक के सभी निजी स्कूलों की जांच के आदेश दिए गए हैं। अधिकारी . मुकुल कुमार सती ने सभी बीईओ से उनके क्षेत्रों में चल रहे स्कूलों की जांच के साथ सूची तलब की है।

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मुख्य शिक्षा अधिकारी ने कहा कि बिना मान्यता के संचालित स्कूलों के प्रबंधकों, व्यवस्थापकों और प्रधानाचार्यों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बताया कि निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा के अधिकार अधिनियम-2009 और नियमावली 2011 के तहत किसी भी स्कूल का संचालन मान्यता प्रमाणपत्र लेने के बाद ही किया जा सकता है। सरकार ने 27 जून 2013 को मान्यता प्राप्त करने के लिए स्कूलों की श्रेणी भी निर्धारित कर दी थी।

बावजूद जिले में कई प्राइवेट प्ले स्कूल, प्री प्राइमरी और आठवीं तक के स्कूल बिना मान्यता के संचालित हैं। स्कूलों को चिह्नित करने के साथ ही कार्रवाई के आदेश जारी किए गए हैं। शिक्षा अधिकारी ने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को स्कूलों में प्रवेश दिलाते समय सुनिश्चित करें कि स्कूल शिक्षा विभाग से मान्यता प्राप्त है या नहीं। स्कूल की ओर से मान्यता नहीं ली गई, तो किसी भी सूरत में बच्चों का प्रवेश ऐसे स्कूलों में न कराएं।


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