Monday, December 5, 2022
HomeEducationLecturers Returned From Ladakh Standby In Offices Instead Of Schools - शिक्षा:...

Lecturers Returned From Ladakh Standby In Offices Instead Of Schools – शिक्षा: लद्दाख से लौटे लेक्चरर स्कूलों की जगह कार्यालयों में जमे, प्रभावित हो रही पढ़ाई


पहाड़ियों में हुई बर्फबारी
– :

सुनें

लद्दाख से वापस लौटे 60 के करीब लेक्चरर्स तीन से छह माह से स्कूल शिक्षा निदेशालय जम्मू और श्रीनगर के कार्यालयों में रखे गए हैं, जबकि इन शिक्षकों की जरूरत उन स्कूलों में है, जहां से इन्हें भेजा गया था। बच्चों की पढ़ाई के प्रति शिक्षा विभाग कितना गंभीर है, इसका अंदाजा इससे लगाया जा सकता है। एक तरफ शिक्षकों की कमी से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, वहीं दूसरी तरफ विभाग ने शिक्षकों को कार्यालयों में बिठा रखा है।

बनने के बाद शिक्षकों की कमी थी। इसे पूरा करने के लिए जम्मू-कश्मीर से बड़ी संख्या में लेक्चरर्स को एक से तीन साल के लिए लद्दाख भेजा गया था। तय समय अवधि पूरी करने के बाद लेक्चरर्स को लद्दाख यूटी ने वापस भेजा गया है। संभाग से लेक्चरर्स तीन से छह महीने से स्कूल शिक्षा निदेशालय जम्मू के कार्यालय में हैं। सिर्फ हाजिरी लगने तक समिति रह गए हैं।

, किश्तवाड़, रामबन, पुंछ और राजौरी जिले के शिक्षक हैं। एक लाख के करीब-करीब वेतन लेने वाले लेक्चरर्स की उचित सेवाएं नहीं ली जा रही हैं। में लेक्चरर्स की कमी है। हायर सेकेंडरी स्कूलों में मास्टर्स और टीचर्स, लेक्चरर्स की भूमिका में बच्चों को पढ़ा रहे हैं। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए विभाग की गंभीरता पर भी प्रश्नचिन्ह उठ रहे हैं। नहीं लिखने पर एक लेक्चरर ने कहा कि वे छह महीने से अपने जिलों से दूर हैं। स्कूलों में तैनाती नहीं दे रहा है।

कार्यालय में लेक्चरर्स हैं, जिन्हें जल्द स्कूलों में भेजा जाएगा। लद्दाख यूटी से वापस आए हैं। -डॉ. शर्मा, शिक्षा निदेशक जम्मू।

विस्तार

लद्दाख से वापस लौटे 60 के करीब लेक्चरर्स तीन से छह माह से स्कूल शिक्षा निदेशालय जम्मू और श्रीनगर के कार्यालयों में रखे गए हैं, जबकि इन शिक्षकों की जरूरत उन स्कूलों में है, जहां से इन्हें भेजा गया था। बच्चों की पढ़ाई के प्रति शिक्षा विभाग कितना गंभीर है, इसका अंदाजा इससे लगाया जा सकता है। एक तरफ शिक्षकों की कमी से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, वहीं दूसरी तरफ विभाग ने शिक्षकों को कार्यालयों में बिठा रखा है।

See also  Jammu Division School Timings Changed From 1st October 2022 - शिक्षा: जम्मू संभाग में एक अक्तूबर से बदलेगा सभी स्कूलों का समय

बनने के बाद शिक्षकों की कमी थी। इसे पूरा करने के लिए जम्मू-कश्मीर से बड़ी संख्या में लेक्चरर्स को एक से तीन साल के लिए लद्दाख भेजा गया था। तय समय अवधि पूरी करने के बाद लेक्चरर्स को लद्दाख यूटी ने वापस भेजा गया है। संभाग से लेक्चरर्स तीन से छह महीने से स्कूल शिक्षा निदेशालय जम्मू के कार्यालय में हैं। सिर्फ हाजिरी लगने तक समिति रह गए हैं।

, किश्तवाड़, रामबन, पुंछ और राजौरी जिले के शिक्षक हैं। एक लाख के करीब-करीब वेतन लेने वाले लेक्चरर्स की उचित सेवाएं नहीं ली जा रही हैं। में लेक्चरर्स की कमी है। हायर सेकेंडरी स्कूलों में मास्टर्स और टीचर्स, लेक्चरर्स की भूमिका में बच्चों को पढ़ा रहे हैं। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए विभाग की गंभीरता पर भी प्रश्नचिन्ह उठ रहे हैं। नहीं लिखने पर एक लेक्चरर ने कहा कि वे छह महीने से अपने जिलों से दूर हैं। स्कूलों में तैनाती नहीं दे रहा है।

कार्यालय में लेक्चरर्स हैं, जिन्हें जल्द स्कूलों में भेजा जाएगा। लद्दाख यूटी से वापस आए हैं। -डॉ. शर्मा, शिक्षा निदेशक जम्मू।


RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments